पात्रता निर्धारण के लिए कड़े मानक
उच्च शिक्षा विभाग ने स्पष्ट किया है कि यह विशेष समिति अभ्यर्थियों द्वारा प्रस्तुत डिग्री, अनुभव प्रमाण-पत्र और अन्य शैक्षणिक दस्तावेजों का मिलान करेगी। विभाग का लक्ष्य यह सुनिश्चित करना है कि केवल योग्य और अर्हता प्राप्त उम्मीदवार ही अंतिम सूची में स्थान पाएं। विशेषज्ञों की यह टीम दस्तावेजों की गहन समीक्षा के बाद अपनी रिपोर्ट सौंपेगी, जिसके आधार पर अंतिम चयन सूची जारी होगी। 595 पदों की इस बड़ी भर्ती से राज्य के कॉलेजों में शिक्षकों की कमी दूर होने की उम्मीद है।
“भर्ती प्रक्रिया में किसी भी प्रकार की त्रुटि की गुंजाइश नहीं छोड़ी जाएगी। विशेषज्ञों की समिति का गठन पारदर्शिता और गुणवत्ता बनाए रखने के लिए किया गया है। हम जल्द से जल्द पात्र अभ्यर्थियों की नियुक्ति सुनिश्चित करना चाहते हैं।”
— अधिकारी, उच्च शिक्षा विभाग, छत्तीसगढ़ शासन