छत्तीसगढ़’ कृष्ण राम महापात्र बने छत्तीसगढ़ High Court’ के 16वें चीफ जस्टिस, राज्यपाल रमेन डेका ने दिलाई शपथ

High Court’ बिलासपुर/रायपुर। छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट को नया मुख्य न्यायाधीश मिल गया है। न्यायमूर्ति कृष्ण राम महापात्र ने छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट के 16वें मुख्य न्यायाधीश के रूप में पद और गोपनीयता की शपथ ग्रहण की। राज्यपाल रमेन डेका ने उन्हें एक गरिमामय समारोह में शपथ दिलाई।

इस महत्वपूर्ण अवसर पर न्यायपालिका, प्रशासन और राज्य सरकार से जुड़े कई वरिष्ठ अधिकारी एवं गणमान्य लोग मौजूद रहे। न्यायमूर्ति कृष्ण राम महापात्र के मुख्य न्यायाधीश के रूप में शपथ लेने के साथ ही छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट को नया नेतृत्व मिल गया है।

राज्यपाल रमेन डेका ने दिलाई पद और गोपनीयता की शपथ

शपथ ग्रहण समारोह में राज्यपाल रमेन डेका ने न्यायमूर्ति कृष्ण राम महापात्र को संविधान के अनुसार पद और गोपनीयता की शपथ दिलाई। समारोह के दौरान न्यायपालिका की गरिमा और संवैधानिक व्यवस्था का विशेष महत्व देखने को मिला।

Advertisement

CG NEWS : महिलाओं संग जमकर थिरके विधायक सुशांत शुक्ला, VIDEO’ बिलासपुर में तीजा तिहार का आयोजन’ सीएम साय ने बेलतरा महोत्सव के लिए 30 लाख की घोषणा

मुख्य न्यायाधीश के रूप में न्यायमूर्ति महापात्र अब छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट की न्यायिक व्यवस्था और प्रशासनिक कार्यों का नेतृत्व करेंगे। उनके कार्यकाल को लेकर अधिवक्ताओं और न्यायिक क्षेत्र से जुड़े लोगों की नजरें टिकी हुई हैं।

छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट के 16वें मुख्य न्यायाधीश

न्यायमूर्ति कृष्ण राम महापात्र का छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट के 16वें मुख्य न्यायाधीश के रूप में नियुक्त होना राज्य की न्यायपालिका के लिए महत्वपूर्ण घटनाक्रम माना जा रहा है।

मुख्य न्यायाधीश के पद की जिम्मेदारी केवल न्यायिक मामलों की सुनवाई तक सीमित नहीं होती, बल्कि हाईकोर्ट की प्रशासनिक व्यवस्था और न्यायिक कामकाज को सुचारू रूप से संचालित करने में भी उनकी अहम भूमिका होती है।

हाईकोर्ट में लंबित मामलों के त्वरित निपटारे, न्यायिक प्रक्रियाओं को प्रभावी बनाने और आम लोगों तक न्याय की पहुंच सुनिश्चित करने जैसी चुनौतियां भी नए मुख्य न्यायाधीश के सामने महत्वपूर्ण रहेंगी।

अधिवक्ताओं और न्यायिक जगत में उत्साह

नए मुख्य न्यायाधीश के शपथ ग्रहण के बाद प्रदेश के अधिवक्ताओं और न्यायिक क्षेत्र से जुड़े लोगों में उत्साह देखा जा रहा है। कानूनी विशेषज्ञों का मानना है कि हाईकोर्ट के नेतृत्व में न्यायिक कार्यों को और अधिक प्रभावी और व्यवस्थित बनाने की दिशा में नए प्रयास किए जा सकते हैं।

छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट राज्य की सर्वोच्च न्यायिक संस्था है और यहां लिए जाने वाले फैसले प्रदेश के लाखों नागरिकों के जीवन से जुड़े मामलों को प्रभावित करते हैं।

Spread the love
Advertisement