छत्तीसगढ़ में सरकारी कर्मचारियों के लिए बायोमेट्रिक अटेंडेंस शुरू, अब कार्यालय में समय की पाबंदी जरूरी

रायपुर। छत्तीसगढ़ सरकार ने आज से अपने सभी मंत्रालयों में बायोमेट्रिक अटेंडेंस सिस्टम लागू कर दिया है। इसका मुख्य उद्देश्य सरकारी कर्मचारियों की लेट आने और समय से पहले कार्यालय छोड़ने की प्रवृत्ति पर नियंत्रण रखना है और कार्यालय में कामकाज को समयबद्ध बनाना है।

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नई व्यवस्था कैसे काम करेगी

नई प्रणाली के तहत हर कर्मचारी को दिन में दो बार उपस्थिति दर्ज करनी होगी—

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  1. दफ्तर में प्रवेश करते समय

  2. दफ्तर से निकलते समय

इससे कर्मचारियों की कार्य समय की जवाबदेही सुनिश्चित होगी और कार्यालय में समय पर उपस्थिति बढ़ेगी।

सरकार का उद्देश्य और लाभ

सरकार का मानना है कि यह कदम कार्यप्रणाली में पारदर्शिता और जवाबदेही बढ़ाने के लिए आवश्यक था। बायोमेट्रिक अटेंडेंस प्रणाली के लागू होने से:

  • देर से आने वाले कर्मचारियों पर नियंत्रण होगा

  • समय से पहले कार्यालय छोड़ने की प्रवृत्ति पर रोक लगेगी

  • सरकारी सेवाओं की गुणवत्ता में सुधार आएगा

मंत्रालयों में पूरी तरह लागू

रायपुर स्थित विभिन्न मंत्रालयों में यह प्रणाली आज से पूरी तरह लागू हो चुकी है। अधिकारी और कर्मचारी दोनों इस नई व्यवस्था के लिए प्रशिक्षित किए गए हैं। सरकार का कहना है कि यह कदम कर्मचारियों में जिम्मेदारी और अनुशासन बढ़ाने की दिशा में अहम साबित होगा।

छत्तीसगढ़ सरकार की इस पहल से उम्मीद जताई जा रही है कि सरकारी कार्यालयों में समय की पाबंदी और कार्यकुशलता में सुधार होगा, जिससे आम नागरिक को मिलने वाली सरकारी सेवाओं की गुणवत्ता भी बेहतर होगी।

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