Chhattisgarh Kathavachak Viral Video , रायपुर — छत्तीसगढ़ की राजनीति में उस वक्त हड़कंप मच गया जब कथावाचक डॉ. रामानुरागी महाराज का एक वीडियो सोशल मीडिया पर बिजली की तरह फैल गया। उन्होंने सीधे तौर पर प्रदेश के मंत्री राजेश अग्रवाल पर वादाखिलाफी का आरोप जड़ा है। महाराज का दावा है कि मंत्री ने उनसे कथा करवाई, लेकिन उसके बदले तय की गई 15 लाख रुपये की राशि अब तक नहीं चुकाई है।
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“विधानसभा के बाहर लगा लूंगा आग”
कथावाचक ने वीडियो में साफ लहजे में कहा कि वह अपनी मेहनत की कमाई के लिए भटक रहे हैं। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर उन्हें उनके पैसे नहीं मिले, तो वह छत्तीसगढ़ विधानसभा के सामने आत्मदाह कर लेंगे। यह मामला तब और गरमा गया जब कांग्रेस नेता धनंजय ठाकुर ने इस वीडियो को साझा कर सरकार की नैतिकता पर सवाल उठाए। विपक्षी खेमे ने इसे भ्रष्टाचार और आम लोगों के शोषण का मुद्दा बना दिया है।
मंत्री ने आरोपों को नकारा
दूसरी तरफ, मंत्री राजेश अग्रवाल ने इन तमाम आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया है। उन्होंने महाराज के दावों को झूठा और छवि खराब करने की कोशिश बताया है। फिलहाल यह साफ नहीं है कि कथा के आयोजन की शर्तें क्या थीं और क्या कोई लिखित समझौता हुआ था। लेकिन 15 लाख का यह आंकड़ा अब राज्य की राजनीति में चर्चा का केंद्र बन गया है।
“मंत्री राजेश अग्रवाल ने कथा करवाई और अब पैसे नहीं दे रहे हैं। यह मेरी मेहनत की कमाई है। अगर न्याय नहीं मिला तो मैं विधानसभा के बाहर खुद को आग लगा लूंगा।”
— डॉ. रामानुरागी महाराज, वीडियो संदेश में
छत्तीसगढ़ में यह विवाद केवल दो व्यक्तियों के बीच का नहीं रह गया है। कांग्रेस इसे एक बड़े कैंपेन में बदलने की फिराक में है। विधानसभा सत्र के दौरान यह मुद्दा सदन के भीतर गूंज सकता है। अगर पुलिस या प्रशासन ने इस पर जल्द कोई सुलह नहीं कराई, तो कानून-व्यवस्था के लिए यह एक बड़ी चुनौती बन सकती है। आने वाले दिनों में मंत्री के खिलाफ जांच या मानहानि के मुकदमे की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता।