फर्जीवाड़ा रोकने के लिए बड़ी छंटनी: 1.87 करोड़ हुए कुल वोटर
निर्वाचन आयोग ने पिछले कई महीनों से मतदाता सूची को अपडेट करने के लिए प्रदेशव्यापी अभियान चलाया था। इस प्रक्रिया का मुख्य उद्देश्य ‘डुप्लिकेट’ और ‘शिफ्टेड’ वोटरों की पहचान करना था। आंकड़ों के अनुसार, बड़े पैमाने पर नाम कटने के बाद अब छत्तीसगढ़ में कुल मतदाताओं की संख्या 1,87,30,914 रह गई है। मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने स्पष्ट किया कि पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए बूथ स्तर पर सत्यापन किया गया था।
अधिकारी ने बताया कि इस प्रक्रिया के दौरान उन लोगों के नाम प्राथमिकता से हटाए गए जो लंबे समय से संबंधित पते पर नहीं रह रहे थे या जिनकी मृत्यु हो चुकी थी। इसके साथ ही नए पात्र युवाओं के नाम जोड़ने का काम भी साथ-साथ किया गया। चुनाव आयोग ने इस अभियान में सक्रिय भागीदारी के लिए प्रदेश की जनता और राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों का आभार व्यक्त किया है।
“एसआईआर अभियान के माध्यम से हमने एक पारदर्शी और त्रुटिहीन मतदाता सूची तैयार की है। लगभग 25 लाख संदिग्ध नामों को हटाना एक चुनौतीपूर्ण कार्य था, जिसे जमीनी स्तर पर सत्यापन के बाद पूरा किया गया। अब राज्य की निर्वाचक नामावली पूरी तरह अपडेटेड है।”