CG BREAKING : अमित जोगी के घर पर पुलिस ने चस्पा किया नोटिस, ‘ज्ञानू-जानू’ वीडियो विवाद में 24 घंटे के भीतर थाने में पेश होने का निर्देश

CG BREAKING : रायपुर। छत्तीसगढ़ की राजनीति में चर्चित ‘ज्ञानू-जानू’ वीडियो विवाद को लेकर जनता कांग्रेस छत्तीसगढ़ (जे) के प्रदेश अध्यक्ष अमित जोगी की मुश्किलें बढ़ती नजर आ रही हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार से जुड़े कथित आपत्तिजनक वीडियो को लेकर भाजपा नेताओं की शिकायत के बाद पुलिस ने कार्रवाई तेज कर दी है। मामले में एफआईआर दर्ज होने के बाद रायपुर की सिविल लाइन पुलिस ने अमित जोगी को पूछताछ के लिए नोटिस जारी किया है। पुलिस ने उनके निवास पर नोटिस चस्पा करते हुए नोटिस मिलने के एक दिन के भीतर थाने में उपस्थित होकर अपना पक्ष रखने का निर्देश दिया है। इस घटनाक्रम के बाद प्रदेश की राजनीति में एक बार फिर हलचल तेज हो गई है।

‘ज्ञानू-जानू’ वीडियो विवाद में पुलिस की कार्रवाई

दरअसल, सोशल मीडिया पर प्रसारित ‘ज्ञानू-जानू’ नाम के वीडियो को लेकर विवाद खड़ा हुआ है। आरोप है कि इस वीडियो में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार से संबंधित कथित आपत्तिजनक सामग्री दिखाई गई है।

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इस मामले को लेकर भाजपा नेताओं ने कड़ी आपत्ति जताई थी। पार्टी नेताओं ने रायपुर में सिविल लाइन थाने पहुंचकर शिकायत दर्ज कराई और वीडियो बनाने तथा सोशल मीडिया पर साझा करने वालों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की मांग की थी।

अमित जोगी के निवास पर चस्पा किया नोटिस

भाजपा नेताओं की शिकायत पर एफआईआर दर्ज होने के बाद अब पुलिस ने अमित जोगी को पूछताछ के लिए बुलाया है। सिविल लाइन पुलिस की टीम उनके निवास पहुंची और वहां नोटिस चस्पा किया।

नोटिस में उन्हें मिलने के एक दिन के भीतर थाने में उपस्थित होने का निर्देश दिया गया है। पुलिस इस मामले में अमित जोगी का पक्ष जानना चाहती है और वीडियो से जुड़े तथ्यों की जांच कर रही है।

भाजपा नेताओं ने की थी FIR की मांग

इससे पहले रायपुर पश्चिम के विधायक राजेश मूणत के नेतृत्व में भाजपा नेताओं और कार्यकर्ताओं ने सिविल लाइन थाने पहुंचकर शिकायत सौंपी थी। भाजपा नेताओं ने वीडियो को आपत्तिजनक बताते हुए जिम्मेदार लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने की मांग की थी।

इस दौरान पुलिस प्रशासन को कार्रवाई के लिए 24 घंटे का अल्टीमेटम भी दिया गया था। भाजपा नेताओं ने वीडियो तैयार करने और उसे प्रसारित करने वालों के खिलाफ भी कार्रवाई की मांग उठाई थी।

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