कृणाल पांड्या ने बदला मैच का रंग
विराट कोहली इस मैच में बड़ा स्कोर नहीं बना सके। शुरुआती झटकों के बाद RCB दबाव में दिख रही थी। तभी कृणाल पांड्या ने मोर्चा संभाला। उन्होंने 73 रन की लड़ाकू पारी खेली और मुंबई के गेंदबाजों की लाइन बिगाड़ दी। हर चौके के साथ रायपुर स्टेडियम का शोर बढ़ता गया। हवा गर्म थी, लेकिन दर्शकों का जुनून उससे भी ज्यादा गर्म। आखिरी ओवर में RCB को जीत के लिए मुश्किल रन चाहिए थे। Bhuvneshwar Kumar ने पहली ही गेंद पर बड़ा शॉट खेलकर मैच का रुख बदल दिया। फिर आखिरी गेंद तक सांसें अटकी रहीं। गेंद बल्ले से लगी और RCB डगआउट उछल पड़ा। पूरा स्टेडियम “RCB…RCB…” से गूंज उठा।
मुंबई की लड़ाई बेकार नहीं गई
मुंबई इंडियंस ने पहले बल्लेबाजी करते हुए संघर्षपूर्ण स्कोर खड़ा किया। पिच धीमी थी। गेंद रुककर आ रही थी। ऐसे में MI के बल्लेबाजों ने संभलकर रन जुटाए। गेंदबाजी में भी टीम ने वापसी की कोशिश की। खासकर डेथ ओवरों में दबाव साफ दिखा। लेकिन आखिरी लम्हों में एक छोटी गलती भारी पड़ गई। मैदान पर एक पल ऐसा भी आया जब कैच लेने में भ्रम ने मैच की दिशा बदल दी। MI फील्डर्स के बीच तालमेल की कमी ने RCB को राहत दी। वही पल बाद में निर्णायक साबित हुआ।
रायपुर में क्रिकेट का उत्सव
करीब एक दशक बाद IPL मुकाबले की मेजबानी कर रहे रायपुर में फैंस का उत्साह अलग स्तर पर दिखा। शाम ढलते ही स्टेडियम नीली और लाल जर्सियों से भर गया। ढोल बजे। हर विराट चौके पर लोग सीटों से खड़े हो गए। एक बुजुर्ग फैन अपने बेटे के साथ “Ee Sala Cup Namde” का पोस्टर लेकर पूरे मैच में चिल्लाता रहा। क्रिकेट सिर्फ मैच नहीं लग रहा था, पूरा शहर उसमें सांस ले रहा था।