Sanju Samson Statement: अफगानिस्तान के खिलाफ दूसरे टी20 मुकाबले में संजू सैमसन का बल्ला जमकर चला। पहले मैच में 10 रन बनाने वाले सैमसन ने दूसरे मुकाबले में महज 22 गेंदों पर 57 रन की तूफानी पारी खेली। उन्होंने 7 चौके और 4 छक्के लगाए। मैच के बाद सैमसन ने आलोचनाओं और टीम में बढ़ती प्रतिस्पर्धा को लेकर खुलकर अपनी बात रखी।
बाहर की बातें खिलाड़ियों पर डालती हैं असर
सैमसन ने कहा कि वह सोशल मीडिया और बाहर की चर्चाओं से दूरी बनाए रखने की कोशिश करते हैं, लेकिन कई बार कमेंट्स उन तक पहुंच ही जाते हैं। उन्होंने इसे क्रिकेटरों के लिए सामान्य स्थिति बताया।
उन्होंने कहा कि खिलाड़ियों को यह स्पष्ट रखना जरूरी है कि उनकी सोच क्या है, उन्हें किस तरह तैयारी करनी है और किस मानसिकता के साथ मैदान पर उतरना है।
‘हम मशीन या रोबोट नहीं हैं’
संजू सैमसन ने कहा कि बाहरी आलोचनाओं का खिलाड़ियों पर असर पड़ता है और इसे पूरी तरह नजरअंदाज करना आसान नहीं है। उनके मुताबिक वह अब पहले की तुलना में ज्यादा अनुभवी हैं और ऐसी परिस्थितियों को संभालना जानते हैं।
सैमसन ने यह भी बताया कि अगर वह हर आलोचना के बारे में सोचते रहें तो उनके लिए खुलकर बल्लेबाजी करना मुश्किल हो जाएगा। इसलिए वह इन बातों को छोड़कर अपने खेल पर ध्यान देने की कोशिश करते हैं।
वैभव सूर्यवंशी को नहीं मानते अपना प्रतिद्वंद्वी
टी20 टीम में ओपनिंग स्लॉट को लेकर संजू सैमसन, अभिषेक शर्मा और 15 वर्षीय वैभव सूर्यवंशी का नाम चर्चा में है। सूर्यवंशी ने हाल में जिम्बाब्वे दौरे पर प्रभावित किया था, जबकि सैमसन को आयरलैंड और इंग्लैंड के खिलाफ पिछली सीरीज में मिले मौकों का फायदा नहीं उठा पाने के बाद टीम से बाहर किया गया था।
हालांकि सैमसन ने ड्रेसिंग रूम में सूर्यवंशी को अपना प्रतिद्वंद्वी मानने से इनकार किया। उन्होंने कहा कि बाहर की दुनिया खिलाड़ियों को एक-दूसरे का कॉम्पिटिटर मान सकती है, लेकिन टीम के अंदर सभी एक साथ देश के लिए खेलते हैं।
IPL कप्तानी के अनुभव से मिली सीख
सैमसन ने कहा कि IPL में कप्तानी करने के अनुभव से उन्हें चयन से जुड़े मुश्किल फैसलों को समझने में मदद मिली है। उन्होंने माना कि अच्छा प्रदर्शन कर रहे खिलाड़ियों में से किसी एक का चयन करना मैनेजमेंट के लिए आसान नहीं होता।
उन्होंने खिलाड़ियों को सलाह दी कि उन्हें चयन के फैसलों को लेकर नकारात्मक सोचने के बजाय अपने मौके के लिए तैयार रहना चाहिए।